चित्रकूट। ग्रामीण युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण केंद्र (आरसेटी) शिवरामपुर ने ग्राम पंचायत अरछा बरेठी में उद्यमिता जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। भारत सरकार के ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा संचालित इस केंद्र के शिविर में 25 शिक्षित बेरोजगार युवक-युवतियों ने प्रशिक्षण के लिए पंजीकरण कराया। इस कार्यक्रम में 18 से 45 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं को स्वरोजगार के विभिन्न अवसरों की जानकारी दी गई। पंजीकृत 25 युवाओं में 20 युवक और 5 युवतियां शामिल हैं। आरसेटी 20 अप्रैल के बाद युवतियों के लिए एक माह का सिलाई प्रशिक्षण शुरू करेगा, जिसका उद्देश्य उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। आरसेटी के फैकल्टी प्रभारी प्रशांत कुशवाहा ने बताया कि भारत सरकार इंडियन बैंक के माध्यम से युवाओं को विभिन्न रोजगारपरक प्रशिक्षण प्रदान कर रही है। इन प्रशिक्षणों का मुख्य उद्देश्य युवाओं को कुशल बनाकर उन्हें स्वरोजगार के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने यह भी बताया कि आरसेटी में कई ट्रेडों में प्रशिक्षण उपलब्ध हैं, जिनमें युवा अपनी रुचि के अनुसार भाग लेकर अपना व्यवसाय शुरू कर सकते हैं। कुशवाहा ने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना की भी जानकारी दी। इस योजना के तहत युवाओं को 5 लाख रुपए तक का ब्याज-मुक्त ऋण 5 वर्ष की वापसी अवधि के साथ उपलब्ध कराया जाता है। उन्होंने बताया कि यह योजना बेरोजगार युवाओं के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हो रही है और अब तक हजारों युवा आरसेटी से प्रशिक्षण प्राप्त कर अपना व्यवसाय स्थापित कर चुके हैं। कार्यक्रम में स्थानीय सफल उद्यमियों के उदाहरण भी प्रस्तुत किए गए। रामरहीस यादव जैसे कई युवाओं ने आरसेटी से सिलाई, ब्यूटी पार्लर और विद्युत उपकरण मरम्मत का प्रशिक्षण लेकर अपना व्यवसाय शुरू किया है, जिससे वे आत्मनिर्भर बन पाए हैं। कार्यक्रम संयोजक और समाजसेवी शंकर प्रसाद यादव ने कहा कि ऐसे आयोजन गांव के युवाओं के पलायन को रोकने और उन्हें स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर प्रदान करने में सहायक होंगे। इस अवसर पर गौरव श्रीवास्तव सहित कई अन्य लोगों ने भी युवाओं को प्रेरित किया। कार्यक्रम में सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित थे।
Source link