पंजाब में लगातार बारिश से गेहूं और सब्जियों की फसल को बड़ा नुकसान हो रहा है। मानसा में आज फिर से हुई तेज बारिश के कारण गेहूं की फसल धरती पर गिर गई है। किसानों ने इसे भारी नुकसान बताते हुए सरकार से तत्काल मुआवजे की घोषणा करने की मांग की है। मानसा जिले में हुई बारिश के कारण बीते दिनों भी गेहूं की फसल को काफी नुकसान हुआ था। आज की बारिश से एक बार फिर किसानों की गेहूं की फसलें गिर गई हैं। किसानों ने बताया कि बीते दिनों सरदूलगढ़ क्षेत्र में ओलावृष्टि से गेहूं और सब्जियों की फसलें प्रभावित हुई थीं, और लगातार बारिश से यह नुकसान जारी है। किसान नेता राम सिंह, महेंद्र सिंह और जगदेव सिंह ने कहा कि पंजाब और मानसा में लगातार हो रही बारिश के चलते किसानों की चिंताएं बढ़ गई हैं। पहले से ही कर्ज से तले दबे हैं किसान किसान नेता ने बताया कि किसान पहले से ही कर्ज के बोझ तले दबे हैं, और अब बारिश से उनकी गेहूं की फसल को नुकसान हो रहा है। नेताओं ने कहा कि यह गेहूं की कटाई का समय था, लेकिन लगातार बारिश के कारण कटाई का काम पीछे चला गया है और फसल को लगातार क्षति हो रही है। उन्होंने यह भी बताया कि फसल गिरने से उपज (झाड़) पर असर पड़ेगा और कटाई के लिए मशीन वालों को अधिक भुगतान करना पड़ेगा। किसान नेताओं ने पंजाब सरकार से तत्काल गिरदावरी (फसल क्षति का सर्वेक्षण) शुरू करने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार एक ओर तो खुद को किसानों का हमदर्द बताती है। लेकिन मानसा जिले में लगातार हो रही ओलावृष्टि और बारिश से गेहूं व अन्य फसलों को हुए नुकसान के बावजूद अभी तक गिरदावरी शुरू नहीं करवाई गई है। नेताओं ने जोर दिया कि किसानों को राहत देने के लिए सरकार तुरंत मुआवजे की घोषणा करे और फसलों की गिरदावरी शुरू करवाए ताकि किसानों को कुछ राहत मिल सके।
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