MP बोर्ड 10वीं-12वीं का रिजल्ट 15 अप्रैल को जारी होगा:16 लाख छात्रों का इंतजार होगा खत्म, शिक्षा मंत्री बोले- रिजल्ट पूरी तरह 'फुलप्रूफ' तैयार




मध्य प्रदेश में एमपी बोर्ड 10वीं और 12वीं के लाखों छात्रों का इंतजार अब जल्द खत्म होने वाला है। स्कूल शिक्षा विभाग के मुताबिक, 15 अप्रैल को रिजल्ट जारी किया जाएगा। रिजल्ट पूरी तरह त्रुटिरहित रखने का प्रयास किया गया है। इसके बाद भी किसी को शंका होगी तो उसे भी दूर करने का प्रवाधान किया जा रहा है। इस बार करीब 16 लाख छात्र परीक्षा में शामिल हुए हैं, ऐसे में समय पर परिणाम घोषित कर छात्रों को आगे की पढ़ाई में कोई देरी न हो, यह विभाग की प्राथमिकता रही। मंत्री बोले- फुलप्रूफ रिजल्ट होगा जारी स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने बताया कि रिजल्ट जारी करने से पहले क्रॉस चेकिंग और वैरिफिकेशन की प्रक्रिया तेजी से पूरी की गई। विभाग ने हर स्तर पर जांच की, ताकि किसी भी तरह की गलती न रह जाए। रिजल्ट पूरी तरह “फुलप्रूफ” है, जिससे छात्रों को कोई परेशानी न हो। 16 लाख से ज्यादा छात्र हुए शामिल इस वर्ष प्रदेश में 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाओं में करीब 16 लाख से अधिक छात्र शामिल हुए हैं। इनमें लगभग 9 लाख 7 हजार विद्यार्थी 10वीं और करीब 7 लाख छात्र 12वीं की परीक्षा में बैठे। इतनी बड़ी संख्या को देखते हुए परीक्षा संचालन के लिए प्रदेशभर में 3856 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। पूरे प्रदेश से बने 100 नकल प्रकरण परीक्षा को नकलमुक्त बनाने के लिए इस बार विशेष व्यवस्थाएं की गई थीं। फ्लाइंग स्क्वॉड, सीसीटीवी निगरानी और प्रश्नपत्र वितरण की वीडियोग्राफी जैसी व्यवस्थाएं लागू की गईं। इसके बावजूद मुरैना में सबसे ज्यादा 41 नकल के प्रकरण सामने आए, जबकि भोपाल दूसरे स्थान पर रहा, जहां 20 मामले दर्ज किए गए। वहीं, पूरे प्रदेश से करीब 100 नकल प्रकरण बने थे। एक्सपर्ट की सलाह- तनाव से बचें छात्र परीक्षा के रिजल्ट को लेकर डॉक्टरों और काउंसलर्स ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों पर अनावश्यक दबाव न डालें और उन्हें मानसिक रूप से सहयोग दें। गांधी मेडिकल कॉलेज के मनोरोग विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. रुचि सोनी ने कहा कि रिजल्ट में बेहतर करना हर बच्चा चाहता है। कई बार यह चाहत पूरी नहीं होती है। ऐसे में यह अभिभावकों की जिम्मेदारी है कि वे बच्चों को समझाएं कि एक परीक्षा जीवन तय नहीं करती है। यदि वे मानसिक रूप से परेशान दिखें तो उनसे बात करें। लंबे समय तक बच्चे तनाव में नजर आएं तो उन्हें विशेषज्ञों से उचित रिजल्ट का ट्रेंड: उतार-चढ़ाव का पैटर्न समय पर रिजल्ट, आगे की पढ़ाई में राहत शिक्षा विभाग का मुख्य उद्देश्य इस बार समय पर रिजल्ट जारी करना है, ताकि छात्र बिना देरी के अगली कक्षा या कोर्स में प्रवेश ले सकें। यदि तय समयसीमा के भीतर परिणाम घोषित हो जाते हैं, तो यह छात्रों और अभिभावकों दोनों के लिए बड़ी राहत होगी।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *