FSL के डायरेक्टर अजय शर्मा समेत 4 अफसर APO:DNA जांच किट खरीद में हुआ था घोटाला; विधानसभा में भी उठ चुका है मामला




राज्य सरकार ने फोरेंसिक साइंस लैब (FSL) के डायरेक्टर डॉ. अजय शर्मा सहित 4 अफसरों को एपीओ कर दिया है। इस कार्रवाई को DNA जांच किट खरीद में गड़बड़ी से जोड़कर देखा जा रहा है। निदेशक डॉ. अजय शर्मा, FSL के सिरोलॉजी डीएनए विभाग के सहायक निदेशक डॉ. आनंद कुमार, सहायक निदेशक डॉ. भावना पूनिया और सिरोलॉजी सेक्शन के सीनियर साइंटिफिक ऑफिसर डॉ.रामकिशन कुमावत की डीएनए किट खरीद गड़बड़ी में भूमिका होने की पहले भी शिकायतें की गई थी। अब गृह विभाग ने चारों को एपीओ करने के आदेश जारी किए हैं। FSL में डीएनए जांच किट खरीद में गड़बड़ियों का मामला विधानसभा में भी उठ चुका है। एपीओ किए गए निदेशक सहित चारों अफसरों के अतिरिक्त चार्ज दिए गए हैं। क्षेत्रीय FSL भरतपुर के अतिरिक्त निदेशक डॉ. आर. के. मिश्रा को एफएसएल निदेशक का अतिरिक्त चार्ज दिया गया है। सीरम खंड के वरिष्ठ वैज्ञानिक अधिकारी हरिनारायण को सहायक निदेशक सिरोलॉजी डीएनए विभाग का अतिरिक्त चार्ज दिया है। वहीं जैविक मुख्य प्रयोगशाला के सहायक निदेशक डॉ. बैजू माथुर को सीनियर साइंटिस्ट, सिरोलॉजी अनुभाग और सिरोलॉजी RFSL अजमेर के सहायक निदेशक बलवंत खज्जा को सिरोलॉजी डीएनए के सहायक निदेशक का अतिरिक्त चार्ज दिया गया है। गड़बड़ी की शिकायतों के बाद कार्रवाई
FSL में डीएनए जांच किट खरीद में लंबे समय से गड़बड़ी की शिकायतें मिल रही थीं। दूसरे राज्यों की तुलना में राजस्थान में 11 गुना तक ज्यादा दरों पर डीएनए जांच किट खरीदे गए थे। एफएसएल में डीएनए जांच किट खरीद में गड़बड़ियों का मामला विधानसभा में भी उठ चुका है। सरकार में उच्च स्तर पर भी इसकी शिकायतें की गई थीं। शिकायतों के बाद अब सरकार ने निदेशक सहित चार बड़े जिम्मेदारों को पद से हटा दिया है। FSL ​के कामकाज पर हाईकोर्ट भी नाराजगी जता चुका
FSL के कामकाज पर हाईकोर्ट कई बार नाराजगी जता चुका है। FSL के जांच नतीजों में हेरफेर के आरोप भी लगते रहे हैं। जांचों की धीमी रफ्तार को लेकर कई बार सवाल उठ चुके हैं। निदेशक सहित चार बड़े जिम्मेदारों को पद से हटाने के बाद अब आगे जांच रिपोर्ट के आधार पर एक्शन के आसार हैं।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *