गुना जिले के बमोरी थाना क्षेत्र के गढ़ला उजारी गांव में वर्ष 2021 में हुए जघन्य हत्याकांड में कोर्ट ने मंगलवार को 11 को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इन्होंने पुराने जमीन विवाद के चलते बादाम सिंह खंगार पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी थी, जिससे उनकी इलाज के दौरान मौत हो गई थी। 12 मार्च 2021 को अनुसुइया बाई द्वारा गाली-गलौज किए जाने पर बादाम सिंह ने विरोध किया था। इसी दौरान पर्वत सिंह ने उन्हें पकड़ लिया और अनुसुइया पेट्रोल लेकर आई और बादाम सिंह पर डालकर आग लगा दी। हमले में अन्य आरोपियों ने भी किया पथराव घटना के दौरान अन्य आरोपी—घनश्याम, भगीरथ, अशोक, बनवारी, नीरज, मोहन सिंह, सरजूबाई, कल्याण और मछलाबाई—भी मौके पर पहुंचे और ईंट-पत्थर से हमला किया। शोर सुनकर ग्रामीण पहुंचे, जिसके बाद आरोपी फरार हो गए। गंभीर रूप से झुलसे बादाम सिंह को इलाज के लिए गुना लाया गया, जहां कुछ दिनों बाद उनकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पुलिस ने मामले में हत्या की धाराएं जोड़कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया और कोर्ट में चालान पेश किया। विशेष न्यायाधीश ने सुनाया फैसला, सभी दोषियों को उम्रकैद सुनवाई के बाद एससी-एसटी मामलों के विशेष न्यायाधीश राकेश कुमार जैन ने सभी 11 आरोपियों को हत्या का दोषी मानते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। मामले में शासन की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक निरपाल यादव ने पैरवी की।
Source link