सीवान नगर थाना क्षेत्र के सिसवन ढाला स्थित लक्ष्मीपुर मोहल्ले में मंगलवार दोपहर एक 26 वर्षीय युवती का शव फंदे से लटका मिला। मृतका की पहचान सृष्टि कुमारी के रूप में हुई है, जो वैशाली के गंगाब्रिज हाजीपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत मदारपुर गांव निवासी स्वर्गीय अर्जुन सिंह की पुत्री थी। घटना की सूचना मिलते ही नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। एफएसएल टीम ने घटनास्थल से कई अहम साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस के अनुसार, सुसाइड नोट, मोबाइल फोन और अन्य तकनीकी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। देखें,मौके से आई तस्वीरें… सिलसिलेवार पढ़ें, पूरा मामला… सहायक तकनीकी प्रबंधक के पद पर थी कार्यरत प्राप्त जानकारी के अनुसार, सृष्टि कुमारी मार्च 2023 से हसनपुरा प्रखंड के प्रखंड कृषि पदाधिकारी कार्यालय में सहायक तकनीकी प्रबंधक के पद पर कार्यरत थीं और वर्तमान में लहेजी पंचायत की जिम्मेदारी संभाल रही थी।
प्रखंड कृषि पदाधिकारी आदित्य प्रताप पांडेय के मुताबिक, वह सोमवार को कार्यालय नहीं आई थी। पूछताछ करने पर एक सहकर्मी को उसने फोन पर बताया था कि वह ट्रेन से सीवान आ रही है। भाई ने कहा- रात 9 बजे आखिरी बार बात हुई थी मृतका के भाई आशुतोष ने बताया कि सृष्टि सोमवार को मौर्या एक्सप्रेस से हाजीपुर से सीवान पहुंची थी और रात करीब 9 बजे उससे आखिरी बार बातचीत हुई थी। इसके बाद से उसका मोबाइल बंद हो गया। परिजनों द्वारा संपर्क नहीं होने पर मकान मालिक को सूचना दी गई। मकान मालिक के कहने पर पड़ोसी जब कमरे तक पहुंचे और दरवाजे को हल्का धक्का दिया, तो वह खुल गया। अंदर का दृश्य देख सभी सन्न रह गए। सृष्टि का शव फंदे से लटका था, जबकि उसका शरीर जमीन को छू रहा था। इस स्थिति ने मामले को और अधिक संदिग्ध बना दिया है। सुसाइड नोट पर संदेह, लिखावट पर उठ रहे सवाल कमरे की तलाशी के दौरान पुलिस को बिस्तर से एक सुसाइड नोट मिला। उसमें लिखा था—
“मैं चाहती नहीं थी, पर मैं चीजें हैंडल नहीं कर पाई। मुझे माफ कर देना मम्मी, मैंने आपको बहुत दुख दिया है।” हालांकि, इस नोट की लिखावट पर सवाल उठ रहे हैं। परिजनों का कहना है कि सृष्टि यूपीएससी की तैयारी कर रही थी, ऐसे में नोट की भाषा और लिखावट संदेह पैदा करती है। पुलिस द्वारा जब नोट की तुलना उसके आधिकारिक दस्तावेजों से की गई, तो प्रारंभिक स्तर पर मेल नहीं पाया गया। सूचना मिलते ही सदर अस्पताल पहुंचे मां और भाई घटना की सूचना मिलते ही सदर अस्पताल में सृष्टि की मां और भाई पहुंचे। बेटी का शव देखते ही मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। वह बार-बार उसे जीवित होने की उम्मीद में धार्मिक आस्था का सहारा लेते हुए खाटू श्याम ले जाने की बात कहती रहीं। मां का विलाप वहां मौजूद लोगों को भी भावुक कर गया। फील्ड विजिट के दौरान पैसे लेने का आरोप लगाया था इधर, इस मामले से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें सृष्टि पर फील्ड विजिट के दौरान पैसे लेने का आरोप लगाया गया था। बताया जाता है कि यह वीडियो उस समय का है, जब वह पकड़ी पंचायत में पदस्थापित थी। इसको लेकर स्थानीय स्तर पर विरोध हुआ था और कुछ नेताओं द्वारा कार्रवाई का दबाव भी बनाया गया था। बाद में उसका तबादला लहेजी पंचायत कर दिया गया था। थाना प्रभारी बोले-पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा खुलासा घटना की सूचना मिलते ही नगर थाना प्रभारी अविनाश कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। एफएसएल टीम ने घटनास्थल से कई अहम साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस के अनुसार, सुसाइड नोट, मोबाइल फोन और अन्य तकनीकी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। कई सवाल बरकरार, एंगल जांच कर रही पुलिस फिलहाल, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह मामला आत्महत्या का है या इसके पीछे कोई साजिश है। सुसाइड नोट की संदिग्ध लिखावट, शव की स्थिति और पूर्व विवादों ने इस मामले को और उलझा दिया है। पुलिस हर एंगल से जांच में जुटी है।
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