राजस्थान सरकार की पूर्व मंत्री नसीम अख्तर ने कहा की भाजपा सरकार ने तीन साल तक महिला आरक्षण बिल लागू नहीं किया और अब भ्रम फैला रहे हैं।कांग्रेस ने हमेशा महिला सशक्तिकरण के लिए काम किया है।कांग्रेस ने सबसे पहले एक महिला को पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया,प्रधानमंत्री बनाया,लोकसभा अध्यक्ष बनाया।महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण कांग्रेस की देन है। कांग्रेस सरकार में मंत्री रही नसीम अख्तर आज भीलवाड़ा सर्किट हाउस में प्रेस वार्ता के दौरान मीडिया से बातचीत कर रही थी। महिला आरक्षण की बात चुनाव जीतने के लिए उन्होंने कहा की भाजपा ने अब तक जनगणना नहीं करवाई, ये पार्टी ओबीसी की महिलाओं का हक समाप्त करना चाहती है।हमारी मांग है की 2023 में जो बिल पास हुआ उस लागू किया जाए,लोकसभा में पारित बिल को लागू किया जाए।अब महिला आरक्षण की बात चुनाव जीतने के लिए किया जा रहा है, इस पार्टी की राजनीतिक मंशा पूरा देश देख रहा है। भाजपा राज में महिला उत्पीडन के मामले बढ़े हैं पूरे देश में महिला अत्याचार के खिलाफ सबसे पहले आवाज आवाज कांग्रेस ने उठाई है।कांग्रेस महिला आरक्षण बिल लागू करने की पुरजोर मांग कर रही है लेकिन भाजपा परिसीमन की आड में बिल लागू नहीं कर रही है। भाजपा के नेताओं के खिलाफ रेप के कई मामले दर्ज है लेकिन कोई कार्रवई नहीं हुई, भाजपा के राज में महिला उत्पीडन के मामले देश और प्रदेश में बढ़े है। भाजपा महिला आरक्षण बिल की विरोधी पूर्व मंत्री और देहात कांग्रेस जिलाध्यक्ष रामलाल जाट ने बताया की भाजपा केवल महिला आरक्षण की बात करती है वास्तव में ये पार्टी महिला आरक्षण विरोधी है अब चुनाव जीतने के लिए जनता को महिला आरक्षण के नाम पर गुमराह किया जा रहा है।कांग्रेस ने महिला कोड बिल लाकर पिता की संपत्ति में बेटी को अधिकार देने का काम किया लेकिन भाजपा ने इसका विरोध किया।कांग्रेस हमेशा महिलाओं के समर्थन में रही और भाजपा ने लगातार बिल का विरोध किया। कांग्रेस ने महिलाओं को शिक्षित बनाया कांग्रेस ने महिला आरक्षण के साथ-साथ शिक्षा के लिए काम किया है।राजस्थान में महिलाओं का शिक्षा अनुपात 47 प्रतिशत है, भाजपा केवल अपनी सीट बचाने का काम कर रही है।भाजपा की इच्छा महिलाओं को आरक्षण देने की नहीं है, अभी बिल में परिसीमन को जोड़ा जा रहा है, इसलिए कांग्रेस विरोध में है।कांग्रेस सड़क से संसद तक लड़ेगी और घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करेगी।
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