Sampark Kranti AC Coach Rape


फरवरी की एक ठंडी, खामोश रात… जब दौड़ती ट्रेन के भीतर सब कुछ सामान्य दिख रहा था-नींद में डूबे यात्री, सुरंगों के बीच झिलमिलाती रोशनी, और मंजिल की ओर बढ़ते सपने। लेकिन उसी सन्नाटे के भीतर एक ऐसी चीख गूंजी, जिसने न सिर्फ एक लड़की की जिंदगी बदल दी, बल्कि

.

संपर्क क्रांति जैसी वीआईपी ट्रेन में घटी यह वारदात थ्रिलर कहानी नहीं, बल्कि हकीकत थी। एक ऐसी हकीकत, जो आज भी सिहरन पैदा करती है। मध्य प्रदेश क्राइम फाइल्स में आज बात एक ऐसे ही केस की जिसकी गूंज पूरे प्रदेश में कई महीनों तक बनी रही।

खामोश रात, दौड़ती ट्रेन और डर की आहट

11 फरवरी 2022… फरवरी की सर्द रात। घड़ी में करीब 10 बज रहे थे। इटारसी और हरदा के बीच पहाड़ों, सुरंगों और घने जंगलों को चीरती हुई कर्नाटक-हजरत निजामुद्दीन संपर्क क्रांति एक्सप्रेस अपनी रफ्तार से आगे बढ़ रही थी। एसी कोच में सन्नाटा पसरा था। ज्यादातर यात्री सफेद चादरों में लिपटे नींद के आगोश में थे, तो कुछ खिड़की के पार अंधेरे को निहारते हुए अपने ख्यालों में खोए थे।

एक चीख जिसने इस सन्नाटे को तोड़ा

उसी ट्रेन में भोपाल के नौशाद और नुरुउद्दीन भी सफर कर रहे थे। सीट कन्फर्म नहीं होने के बावजूद, उन्होंने किसी तरह वेंडर के लिए आरक्षित जगह पर बैठने का जुगाड़ कर लिया था। दोनों को बैठे कुछ ही समय हुआ था कि अचानक पास के कोच से चीखने-चिल्लाने और रोने की आवाजें आने लगीं।

आवाज एक लड़की की थी-डरी हुई, टूटी हुई, जैसे कोई उसे बेरहमी से पीट रहा हो। ‘बचाओ…’ जैसी गुहार उस सन्नाटे को चीर रही थीं।

डर से भागती एक परछाई दिखी

तभी अचानक कोच का दरवाजा जोर से खुला… और एक 21-22 साल की लड़की बदहवास हालत में अंदर दाखिल हुई। उसके कपड़े फटे हुए थे, बाल बिखरे हुए, चेहरा लाल और आंखों में खौफ साफ झलक रहा था।

वह कांप रही थी, सांसें तेज चल रही थीं, और बार-बार पीछे मुड़कर देख रही थी… जैसे कोई उसका पीछा कर रहा हो। ‘बचाओ…’ कहने के बाद उसने कुछ और कहना चाहा, लेकिन आवाज गले में ही अटक गई।

लड़की बोली-मेरे साथ रेप हुआ है

डर और अफरा-तफरी के बीच नौशाद और नुरुउद्दीन ने हिम्मत दिखाई। दोनों लड़की के पास पहुंचे, उसे संभालने की कोशिश की। शुरुआत में वह कुछ बोल नहीं पा रही थी, बस डर के मारे पीछे वाले कोच की ओर देखे जा रही थी।

कुछ देर बाद, जब उसे थोड़ा भरोसा हुआ, तो उसने जो बताया… उसे सुनकर दोनों के होश उड़ गए। लड़की ने कांपती आवाज में कहा-’मेरे साथ… रेप हुआ है…’

चलती ट्रेन में अपराध, सिस्टम पर सवाल

अब तक ट्रेन इटारसी पार कर भोपाल की ओर बढ़ रही थी। मामला बेहद गंभीर था। एक वीआईपी ट्रेन में, एसी कोच के अंदर, चलती ट्रेन में इस तरह की वारदात… यह किसी के भी रोंगटे खड़े कर देने के लिए काफी था।

ट्रेन के यात्री युवती की ज्यादा मदद करने की स्थिति में भी नहीं थे, क्योंकि उन्हें भी पता नहीं था कि आरोपी कौन है?

भोपाल में हड़कंप, जांच शुरू

जैसे ही ट्रेन रुकी, पुलिसकर्मी तेजी से कोच में दाखिल हुए और तलाशी शुरू कर दी। नौशाद और नुरुउद्दीन लड़की को लेकर जीआरपी थाने पहुंचे, जहां एफआईआर दर्ज कराई गई।

लड़की आरोपी को पहचानती नहीं थी। उसने सिर्फ इतना बताया कि आरोपी लंबा था और नीले रंग की शर्ट पहने हुए था। रात का वक्त, सैकड़ों यात्री, ज्यादातर सोए हुए… ऐसे में आरोपी को ढूंढना पुलिस के लिए किसी चुनौती से कम नहीं था।

अब ये सवाल खड़े थे-

आखिर आरोपी कौन था?

चलती ट्रेन में इतनी बड़ी वारदात कैसे हो गई?

और सबसे बड़ा सवाल… क्या पुलिस आरोपी तक पहुंच पाएगी?

इन सवालों के जवाब पढ़िए कल मध्य प्रदेश क्राइम फाइल्स के पार्ट-2 में…

ये भी पढ़ें…

रात में सोती लड़कियां, सुबह कपड़े खुले मिलते, पार्ट- 1

मध्य प्रदेश क्राइम फाइल्स में आज शिवपुरी के उस सनसनीखेज केस की कहानी, जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया। एक बाल आश्रम से भागी दो लड़कियां जब पुलिस के सामने आईं तो एक खौफनाक सच उजागर हुआ। पढ़ें पूरी खबर…

2. आश्रम के कमरे में बाबा ने कपड़े उतारे, रेप किया

क्राइम फाइल्स के पार्ट-1 में आपने पढ़ा कि 1 अक्टूबर 2016 को शिवपुरी के माधव बाल आश्रम से 15-16 साल की दो नाबालिग लड़कियां लापता हो गईं। आश्रम प्रबंधन की सूचना पर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर तुरंत तलाश शुरू की। पढ़ें पूरी खबर…



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *